Birth of Bhimsen & Arjun : जानिए युधिष्ठिर के बाद किस देवता के आह्वान पर हुआ भीमसेन और अर्जुन का जन्म
Birth of Bhimsen & Arjun : युधिष्ठिर के जन्म के कुछ समय बाद राजा पाण्डु ने कुन्ती से फिर कहा, प्रिये ! क्षत्रिय जाति बल प्रधान है और क्षत्रियों की…
Birth of Bhimsen & Arjun : युधिष्ठिर के जन्म के कुछ समय बाद राजा पाण्डु ने कुन्ती से फिर कहा, प्रिये ! क्षत्रिय जाति बल प्रधान है और क्षत्रियों की…
Birth of Yudhisthira : ब्रह्मलोक को जा रहे ऋषियों के साथ वानप्रस्थ आश्रम में पत्नियों के साथ रह रहे राजा पाण्डु भी चलने लगे तो ऋषियों ने उन्हें रोक दिया।…
Pandu Went to Brahmaloka : किंदम मुनि के शाप के बाद हस्तिनापुर नरेश पाण्डु अपने नेत्रहीन बड़े भाई राजा धृतराष्ट्र को राजकाज की जिम्मेदारी देकर अपनी पत्नियों कुन्ती और माद्री…
Vanaprastha of Pandu : शिकार खेलने के दौरान हस्तिनापुर सम्राट महाराज पाण्डु ने सहवास करते एक हिरन और हिरनी को बाणों से घायल किया तो हिरन जो वास्तव में किंदम…
Curse to Pandu : एक बार राजा पांडु शिकार करते हुए ऐसे घने जंगल में पहुंच गए जहां बहुत से हिंसक जानवार रहते थे। शिकार की खोज में आगे बढ़ते…
Duryodhan : अपना गर्भ गिरने से गांधारी का चिंतित होना स्वाभाविक था क्योंकि उसने व्यास जी की सेवा सुश्रुसा कर सौ बलशाली पुत्रों की मांग की थी। गर्भ गिरने की…
Sons of Dhritarashtra : ऋषि वैशम्पायन ने राजा जनमेजय को उनके पूर्वजों की कथा सुनाते हुए बताया कि धृतराष्ट्र और पांडु के विवाह के बाद दोनों सुखपूर्वक अपनी-अपनी पत्नियों के…
Pandu Marriage: धृतराष्ट्र का गांधारी के साथ विवाह कराने के बाद भीष्म को पांडु के विवाह की चिंता हुई। इसी बीच जानकारी मिली की यदुवंशी शूरसेन की पृथा नाम की…
Vyas Birth : ऋषि पाराशर और सत्यवती से उत्पन्न कृष्णद्वैपायन व्यास जन्म के कुछ समय बाद ही कठोर तप करने चले गए। हस्तिनापुर का विशाल साम्राज्य बिना वंश के समाप्ति…
Bhishma Denial : हस्तिनापुर के सम्राट महाराज शांतनु की पत्नी सत्यवती ने दो पुत्रों को जन्म दिया जिनमें एक था चित्रांगद और दूसरा विचित्रवीर्य। चित्रांगद तो उसी के नाम के…