कुण्डली का नवम भाव: धर्म, भाग्य और दीर्घजीवन का रहस्य.. बृहस्पति देव और बड़े बुजुर्गों का आशीर्वाद होता है इनके लिए जरुरी

Shashishekhar Tripathi  ज्योतिषशास्त्र में नवम भाव को धर्म और भाग्य का प्रतीक माना जाता है. यह भाव जातक के जीवन में नैतिकता, आध्यात्मिक उन्नति और दीर्घजीवन के लिए महत्वपूर्ण है.…

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पंचम भाव: विचारशक्ति, संतान-सुख, भाग्य की चमक और जीवन की मानसिक चेतना का केंद्र

Shashishekhar Tripathi  पंचम भाव को ज्योतिष शास्त्र में विशेष महत्व दिया जाता है क्योंकि यह भाव विचारशक्ति, ज्ञान, संतान, और व्यक्ति के जीवन की सफलता का प्रतीक है. जिस प्रकार…

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